Nursing Paper Writing: नर्सिंग पेपर राइटिंग के लिए इन टिप्स को करें फॉलो, मिलेंगे गुड मार्क्स

हाइलाइट्स:

  • यहां जानें कैसे लिखें नर्सिंग पेपर
  • नर्सिंग पेपर लिखने के लिए अपनाएं ये आसान टिप्स
  • टाइम मैनेजमेंट और रिसर्च है जरूरी

How To Write Nursing Paper: अलग-अलग विषयों के अनुसार लेखन कला अलग-अलग हो सकती है। हालांकि कुछ नियम सभी के लिए समान हैं जैसे कोई भी लेखन स्पष्ट, संक्षिप्त तरीके से लिखना चाहिए और आलोचनात्मक विचार भी रखने चहिए। ऐसे में अगर हम नर्सिंग पेपर की बात करते हैं तो जाहिर है कि इसमें तकनीकी ज्ञान का प्रदर्शन करने की जरूरत होती है, साथ ही अपने विचारों को उचित रूप से व्यक्त करने की आवश्यकता होती है। इसमें सही चिकित्सा शब्दावली का उपयोग करने के साथ ही आपके द्वारा लिखा गया पेपर आसानी से समझ आने वाला होना जरूरी है।

रूब्रिक का पालन करें
पेपर लिखते समय रूब्रिक गाइड लाइन का पालन करना जरूरी है। इसलिए आपको पेपर पर अपने विचारों को लिखना शुरू करने से पहले इसे पढ़ना और समझना होगा। इसे बनाया ही इसलिए गया है ताकि आप समझ सकें की आपसे किस तरह के लेखन की डिमांड या अपेक्षा है। यह आपकी ग्रेडिंग में भी सहयोग करता है। यानि की आपके पेपर की ग्रेडिंग करते समय एक पाठक मूल्यांकन मानदंडों के अनुरूप आपकी दी गई प्रतिक्रियाओं की जांच करता है। एक बार जब आप इससे भटक जाते हैं, तो आपके पेपर की जांच इस बात पर जाती है कि आपने पेपर में किस तरह का कंटेंट लिखा है।

गहन शोध पर जोर डालें (Research For Nursing Paper)
एक स्टूडेंट के तौर पर आपको इस बात की जानकारी होनी चाहिए कि वर्तमान समय में आपके विषय क्षेत्र में किस तरह के शोध कार्य हुए हैं। इन फैक्ट्स के माध्यम से आप अपने पेपर को ज्यादा से ज्यादा अच्छा बना सकते हैं। साथ ही पेपर में जो आप लिख रहे हैं उसे उदाहरण के साथ साबित भी कर सकते हैं। जिससे आपके लेखन की विश्वसनीयता बढ़ती है। सूचना के विश्वसनीय स्रोतों में जर्नल लेख, आधिकारिक समीक्षा आदि शामिल हो सकते हैं।
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अनुशासन-उपयुक्त भाषा का प्रयोग करें
नर्सिंग में सफल शैक्षणिक डिग्री आपके करियर का आधार है ऐसे में आपके लिए जरूरी है कि कंटेंट में महारत हासिल करें। यह आपके नर्सिंग पोर्टफोलियो में अतिरिक्त योग्यता के जैसा ही है। स्टैंडर्ड नर्सिंग भाषा के उपयोग से नर्सों के लिए अन्य स्वास्थ्य सेवा प्रदाताओं के साथ संवाद करना आसान हो जाता है। इसलिए अपने नर्सिंग पेपर में आपको पेशेवर रूप से संवाद करने की अपनी क्षमता का प्रदर्शन करना आना जरूरी है। साथ ही यह आपके सोचने के कौशल को उजागर करता है और आप अपने काम में अपने कार्य क्षेत्र की भाषा को कितनी अच्छी तरह शामिल कर सकते हैं यह भी दिखाता है।

अपने तर्कों की दिशा निर्धारित करें
किसी भी विशेष विषय पर पेपर लिखते समय यह ध्यान रखें कि छोटे-छोटे कई सेक्शन में बांट कर अपनी बातें रखीं गई हों। साथ ही इसमें नर्सिंग समस्या के नैतिक और आर्थिक पहलू भी शामिल करें। सुनिश्चित करें कि पैराग्राफ्स सामान्य या लंबे न होकर तार्किक हों। आपके कार्य क्षेत्र के अनुसार यह केवल तभी उपयोगी साबित होगा जब आपने पेपर लिखते समय कुछ बिल्कुल नया, महत्वपूर्ण और मान्य फैक्ट्स शामिल किए हों। इस तरह के कंटेंट आपको नर्सिंग प्रकाशनों के माध्यम से पढ़ने के लिए मिल जाएंगी, जो पेपर लिखते समय आपके लेख को तर्कसंगत बनाने में उपयोगी होंगी।
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उचित फॉर्मेट का प्रयोग करें
फार्मेटिंग गाइड लाइन का पालन करते हुए पेपर लिखने से आप सही दिशा में तथ्यों के प्रवाह को बनाए रख सकते हैं। फिर चाहे वह एपीए, एमएलए या कोई अन्य लेखन शैली हो। याद रखें, पहला प्वाइंट जिसका आप उल्लेख कर रहे हैं, वह रूब्रिक से जरूर हों यानी हेडलाइन या शीर्ष से मिलता हो। एक रिसर्च पेपर के लिए एपीए फॉर्मेट के लिए आपका लेख शीर्षक, सार के साथ शुरू होगा, फिर जिस मुद्दे को आप संबोधित कर रहे हैं उसे प्रस्तुत करने के लिए उसका परिचय यानी इंट्रोडक्शन देना जरूरी है। विषय पर मौजूदा जानकारी को संक्षेप में प्रस्तुत करने के लिए रिव्यू सेक्शन का उपयोग करें। मेथड सेक्शन में डेटा एकत्र करने के लिए उपयोग की जाने वाली विधियों (Methods) को हाइलाइट करें। रिजल्ट और डिस्कशन सेक्शन में रिजल्ट प्रस्तुत करें और बाद में उसे सही तरह से समझाएं। संदर्भ और परिशिष्ट सेक्शन को शामिल करना बिल्कुल न भूलें।

साहित्यिक चोरी से बचें (Plagiarism)
उन स्रोतों का हवाला देना न भूलें जिसके कारण आपका पेपर इनफॉर्मेटिव बना है। ऐसा न करने पर आपको परेशानी हो सकती है। स्रोतों का हवाला न देने से अनजाने में भी, यह माना जाता है कि आप किसी अन्य व्यक्ति के काम का श्रेय लेना चाहते हैं। जब आप किसी विशेष विषय पर धारणाएं बनाते हैं, तो उसे किसी आधिकारिक स्रोत या आंकड़ों के लिए संदर्भित करना याद रखें। यह आपके दृष्टिकोण को अधिक प्रतिस्पर्धी बनाता है।

पेपर लिखने के दौरान न करें ये गलती
किसी भी दिए गए लेखन निर्देशों को पहले पढ़ना आवश्यक है। पेपर लिखते समय दिए गए निर्देशों का जरूर पालन करें। क्योंकि उसका आपकी ग्रेडिंग पर प्रभाव पड़ता है। जिस विषय को आप संबोधित कर रहे हैं उस पर अपना दृष्टिकोण, समझ दोनों साझा करें और साक्ष्य के साथ इसका समर्थन भी करें।

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